वीरता की वो है मूरत थे गौरवशाली उसके वार,
एक अकेली काफी थी फिर चाहे हो अंग्रेज हजार,
सेना में जो जोश जगा दे जोश था उसकी बातो का,
दुश्मन पीठ दिखाकर भागे वो तेज था उसकी आँखोंका,
रानी तेरे बलिदान को कभी भी ना भूलेंगे हम,
मनु , छबीली , लक्ष्मीबाई , वीरांगना तुझको नमन।
झाँसी की रानी , वीरता की मूरत , हर नारी की आदर्श महारानी लक्ष्मीबाई को उनके बलिदान दिवस पर शत - शत नमन ।
रानी लक्ष्मीबाई अमर है और रहेगी
जय हिन्द
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